औरंगाबाद लोकसभा : लोकतंत्र का महापर्व लोकसभा चुनाव औरंगाबाद की धरती से शुरू हो गया। 1952 से लेकर आज तक क्षेत्रीय समाज के लोग ही चुनाव जीतते आये है। हालांकि परिसीमन के बाद दूसरी जाति भी चुनाव में अपना भाग्य आजमाना शुरू कर दिये हैं। औरंगाबाद की कुल वोटरों की संख्या 1737821 है तथा यहां कुल विधानसभा पांच विधानसभा क्षेत्रों में- कुटुम्बा सुरक्षित से कांग्रेस विधायक राजेश कुमार, वोटरों की संख्या 253976, औरंगाबाद में कांग्रेस विधायक मनोज कुमार 306149, रफीगंज में जदयू विधायक अशोक कुमार ङ्क्षसह 316810, गुरूआ में भाजपा विधायक राजीव नंदन 274000, इमामगंज में हम के विधायक जीतन राम मांझी 285000, टेकारी में जदयू विधायक अजय कुशवाहा 301686 है। 

 

पिछले वर्ष 2014 में औरंगाबाद लोकसभा क्षेत्र से नरेन्द्र मोदी की हवा में सुशील कुमार ङ्क्षसह को 1738271 वोट मिले वहीं कांग्रेस के कद्दावर नेता निखिल कुमार को 66347 वोटों से हारना पड़ा था। इस बार औरंगाबाद लोकसभा चुनाव में महागठबंधन का सीट हिन्दुस्तानी आवाम मोर्चा जदयू के पूर्व विधान पार्षद उपेन्द्र प्रसाद को हम का उम्मीदवार बनाया गया। बीते दिनों भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह का औरंगाबाद स्थित सूर्यनगरी गांधी मैदान में एक कार्यक्रम के दौरान खचाखच भीड़ था उन्होंने जनता से आह्वान किया कि एक तरफ देश में वैसे लोगों को प्रधानमंत्री बनाईये जो भ्रष्टाचार मुक्त हो। क्योंकि महागठबंधन वाले आज तक राहुल बाबा को प्रधानमंत्री नहीं मान रहे है। भगवान की कृपा से महागठबंधन अगर सत्ता में आ गयी तो दर्जनों प्रधानमंत्री बनेंगे। मगर महागठबंधन की ओर से तेजस्वी यादव, राहुल गांधी या प्रियंका और जीतन राम मांझी प्रचार में आने से कुछ तापमान नरम-गरम दिखाई देता है। यह चर्चा औरंगाबाद के पान की दुकान की है।

 अनुमान के अनुसार औरंगाबाद लोकसभा क्षेत्र में जाति आधारित वोटरों की कुल जनसंख्या-1369318 है जिसमें ब्राह्मण-34002, राजपूत-159019, भूमिहार-50079, कायस्थ- 12824, मुसलमान-147470, यादव- 211029, कोयरी- 86529, कुर्मी- 17299, मल्लाह-4665, बनिया- 49077, बढ़ई-36845, कुम्हार- 23179, कहार- 30157 है।  इस क्षेत्र में महामुकाबला एनडीए और महागठबंधन के बीच है। आज से दस दिन बाद 11 अप्रैल को पहला चरण का मतदान एनडीए प्रत्याशी सुशील कुमार सिंह एवं महागठबंधन के प्रत्याशी उपेन्द्र प्रसाद के बीच होगी।


Share To:

Post A Comment: