पटना, (रिर्पोटर)) :भारतीय जन क्रान्ति दल के केन्द्रीय कार्यालय में बिहार में बच्चों की मौत पर एक आपात बैठक बुलाई गई बैठक की अध्यक्षता पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष भोला झा”लाल बाबा” ने की उन्हों ने बताया कि मैंने अपनी आँखों से हृदयविदारक घटना को देखा है मेरे सामने कई बच्चे मौत कि नींद सो गए | बिहार सरकार इस संकट कि घडी में भी राजनीती करती है केन्द्रीय मंत्री दौरे पर आते है और सिर्फ घोषणा कर चले जातें है और बिहार के स्वास्थ्य मंत्री को बच्चों से ज्यादा क्रिकेट मैच की चिंता रहती है |

सदस्यों  को सम्बोधित करते हुए पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव डॉ राकेश दत्त मिश्र ने बतायाकि कितनी शर्म की बात है अबतक लगभग १५० बच्चे काल के गाल में समाहित हो चुके है और बिहार सरकार न तो कोई मुआबजा और न ही किसी प्रकार के उचित इंतजाम ही कर पाई है आश्चर्यजनक बात यह है कि वर्तमान केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्री 2014 से लगातार सिर्फ घोषणाएँ ही करते है उन्हें कार्यान्वित करने का मौका कभी नहीं मिलता जैसा कि मुझे याद है उन्होंने 22 जून 2014 को  कहा था कि 100 बेड का अलग अस्पताल बनाएंगे  फिर 16 जून 2019 को भी अपनी पिछली बातों को दोहराया लेकिन इनके वादे इतने भारी हो चुके है कि वो अब उठते ही नहीं है | हमारी पार्टी बिहार सरकार से माँग करती है केवल वादों से कार्य नहीं होनेवाला कोई ठोस कदम उठाएँ नहीं तो जनता कभी माफ नहीं करेगी |वैसे हमें स्वास्थ्य विभाग से जो जानकारी मिली है उस के मुताबिक सभी जिलों में चिकित्सकों की सख्या स्वीकृत पदों से कम है। सीतामढी में 16 फीसदी और औरंगाबाद में मात्र 17 फीसदी चिकित्सक तैनात हैं जो कि बिहार में सबसे न्यूनतम है। वहीं, भोजपुर, पटना और वैशाली में चिकित्सकों की संख्या स्वीकृत पदों की तुलना में करीब 50 फीसदी है। मालूम होनी चाहिए की विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्लूएचओ) के अनुसार एक हजार व्यक्ति पर एक चिकित्सक होना अनिवार्य है यह अंतर्राष्ट्रीय मानक है।पर आज 15 सालों से नितीश जी की सरकार है बिहार में 30 हजार व्यक्ति पर एक चिकित्सक है। राज्य में प्रति वर्ष करीब 1000 डॉक्टर पढ़ाई पूरी कर निकलते हैं। लेकिन उनकी नियुक्ति की प्रक्रिया काफी जटिल व लंबी होने के कारण वे दूसरे राज्यों या निजी अस्पतालों में पलायन कर जाते हैं। संविधान की धारा 320-(3) के तहत चिकित्सकों की नियुक्ति के लिए विशेष शक्ति प्राप्त बोर्ड के गठन का प्रावधान है। लेकिन बिहार में यह अबतक पूरा नहीं किया जा सका है क्या इसके लिए राज्य सरकार दोषी नहीं है ? अगर बिहार सरकार जो बच्चों की हत्यारी सरकार है इसमें जरा सा भी शर्म बचा है तो इसे अविलम्ब त्यागपत्र दे देना चाहिए| हमारी पार्टी केन्द्र सरकार से मांग करती है बच्चों की हत्यारी सरकार को अविलम्ब वर्खास्त कर देना  चाहिए|

कार्यक्रम में उपस्थित सभी सदस्यों ने बिहार सरकार के विरुद्ध निंदा प्रस्ताव पारित किया और सभी सदस्यों ने बिहार सरकार धिक्कार है धिक्कार है की घोष भी की |

            बैठक में पार्टी के राष्ट्रीय कमिटी से डॉ राकेश दत्त मिश्र, भोला झा, राजीव झा, संजय पाठक, लक्ष्मण पाण्डेय, अपर्णा मिश्र, डॉ राजीव रंजन, डॉ रंजन कुमार, अजित सिन्हा एवं प्रदेश कमिटी से प्रदेश अध्यक्ष आनंद सिंह, प्रदेश महासचिव राजीव रंजन , ज्ञान मिश्र, आनंद शंकर एवं मुकेश तिवारी उपस्थित थे|


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