पटना, (रिर्पोटर) : आम आदमी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष शत्रुघ्न साहू ने कहा कि देश की गिरती अर्थव्यवस्था दुर्भाग्यपूर्ण एवं चिंताजनक है। जब भारत सरकार ने गिरती अर्थव्यवस्था पर चिंता जाहिर की तभी दिल्ली राज्य के मुख्यमंत्री श्री अरविंद केजरीवाल ने अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए सबसे पहले सहयोग करने की पेशकश कर दी थी लेकिन अब तक केंद्र सरकार ने इस दिशा में कोई भी पहल नहीं की  है  और न ही इस हालात से उबरने के लिए भारत सरकार द्वारा कोई ठोस पहल होता  दिख रहा है । भाजपा की माने तो वंशवादी भ्रष्टाचारी कांग्रेस की सरकार में जब कच्चे तेल की कीमत उच्चतम स्तर पर थी, तब  जीडीपी का दर 10.5% था लेकिन अब उनकी ही ईमानदार राष्ट्रवादी सरकार में जब कच्चे तेल की कीमत न्यूनतम स्तर पर है, तब जीडीपी का दर 5% पर पहुंच गया है इस भयंकर आर्थिक त्रासदी में देश चल रहा है तो मुझे लगता है कि भगवान ही देश को बचाए हुए हैं। उप मुख्यमंत्री सुशील मोदी ने पिछले वर्ष पितृपक्ष के समय अपराधियों से विनती की थी कि पितृपक्ष के समय कोई अपराध न करें और इस वर्ष भारत सरकार की चिंता को झुठलाते हुए गिरती अर्थव्यवस्था के लिए सावन-भादो को जिम्मेदार ठहरा दिया है। श्री साहू ने कहा कि सुशील मोदी जी का संघर्ष इतना लम्बा है कि उन्हें अब तक मुख्यमंत्री बन जाना चाहिए था, लेकिन मुख्यमंत्री न बन पाने की पीड़ा ने सुशील मोदी जी को अंदर से हिला दिया है, जिसके कारण वो गंभीर विषयों पर भी अनर्गल प्रलाप कर जाते हैं। इस आर्थिक संकट की भयावहता इस बात से स्पस्ट होता है कि देश मे किसी युद्व या 1975 के आपातकाल में भी 1 लाख 76 हजार करोड़ रुपये सरकार ने  निकालने का दु:साहस नही  किया। वस्तुतः यह आर्थिक संकट नीतियों के फेल होने या दुनिया के आर्थिक मंदी के कारण नही है  बल्कि केन्द्र सरकार की आर्थिक लापरवाही नतीजा है देश भंवर  में है, सरकार इतनी गहरी खाई को पाटने के लिए कोई ठोस उपाय करते नही दिख रही है। जरूरत है कि इस समय दलगत राजनीति से ऊपर उठकर इस भंवर  से देश को निकालने के लिए सबको मिलकर समग्र प्रयास करना चाहिए।


Share To:

Post A Comment: